Category: psychology

Aap kon ho

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आप कौन हो?

क्या आप जानते हो, आप कौन हो शायद आप राम, श्याम या घनश्याम हो |

लेकिन राम, श्याम और घनश्याम तो सिर्फ तो सिर्फ एक नाम है |

तो क्या आप जानते हो आप हो कौन?

शायद आप आपका शरीर हो ?

अगर आप शरीर होते तो यह हमेशा आपके साथ होता, लेकिन एक दिन आप इस शरीर को छोड़कर चले जाओगे तो निश्चित ही आप आपका शरीर नहीं हो |

अगर आप आपका शरीर नहीं हो, तो क्या हो ?

शायद हो सकता है आप, आपका मन हो |

मन तो सिर्फ एक मेमोरी है, जो हमारे द्वारा लिए गए ज्ञान और अनुभव से मिलकर बनी है |

तो आप बताइए आप हो कौन ?

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mai bahut pareshan hu kya karu by Deepak yadav

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हम सभी की लाइफ अलग अलग है, तो निश्चित रूप से सब की परेशानी अलग अलग है|

हम इंसानों की परेशानी अपना डर होती है, वास्तव में हर परेशानी की वजह एक डर है , यह डर किसी भी प्रकार का हो सकता है , हो सकता है यह डर भूतकाल में घटित घटना के आधार पर हो सकता है, या भविष्य की चिंता के रूप में भी हो सकता है |

परेशानी को कैसे खत्म करे ?

परेशानी को खत्म करने का एकमात्र तरीका है परेशानी को समझना , परेशानी को जानना |

परेशानी को खत्म करने के लिए आप को समझना होगा , क्या यह एक वास्तविक परेशानी है या सिर्फ एक काल्पनिक परेशानी |

काल्पनिक परेशानी को समझने का प्रयास करते हैं अगर आपको चिंता है कि मरने के बाद आपको स्वर्ग मिलेगा तो इस तरह की चिंता या परेशानी काल्पनिक मात्र है, इसका समाधान अपनी समझ को विकसित करके किया जा सकता है |

वास्तविक परेशानी अगर बात करें वास्तविक परेशानी की तो जिनका अस्तित्व होता है जैसे कि आपकी फैमिली में 4 लोग हैं जिनको पोषण देने के लिए आपके पास पर्याप्त धन की व्यवस्था नहीं है , इस तरह की परेशानी वास्तविक परेशानी कहलाती है |

वास्तविक परेशानी के हल के लिए आपको शारीरिक व मानसिक रूप से मेहनत करना पड़ता है |

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Past ko kaise bhule

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मुझे ऐसे विचार नहीं आने चाहिए , जो में भूलना चाहता हूं |

Mai kyu apna past bhulna chahta tha

मैं अपनी स्टोरी से बताना चाहूंगा, हम क्यों पास्ट को भूलना चाहते हैं |

सन 2016 में मैं बहुत ज्यादा डिप्रेशन में था, मेरा कोई एक विचार जो बार-बार मेरे अंदर आ जाता था

वास्तव में वह विचार कोई मामूली विचार नहीं था वह एक ‘डर’ था |

मैं सोचता था वह डर का विचार मेरे अंदर नहीं आना चाहिए , लेकिन वह बार-बार आ जाता था |

उसका एक कारण यह था कि माइंड को पता ही नहीं होता है कि हां क्या है और ना क्या है ?

अगर आपको यकीन नहीं हो तो बोल कर देखो
मुझे ऐसे विचार नहीं आने चाहिए , जो में भूलना चाहता हूं |

अगर सच कहूं तो अभी आप यह पढ़ने में भी डर रहे होंगे |

लेकिन आप निश्चित रहिए इसे पढ़कर आपको फायदा होने वाला है |

kya hoga agar aap aapka past bhul gaye toh ?

अब आप सोचिए क्या होगा अगर आप आपका past भूल गए थे तो ?

आपको आपका नाम नहीं पता होगा

आपको आपके रिश्ते पता नहीं हो गए होंगे

आपका शरीर तो इतना बड़ा होगा पर आपकी बुद्धि और मन एक बच्चे के जैसा होगा |

आपको आपके घर और पड़ोसी के घर में अंतर पता नहीं होगा |

सच कहूं तो कुछ भी पता नहीं होगा आप एक न्यू बोर्न बेबी जैसे व्यवहार करेंगे |

तो क्या अब भी आप आपका past भूलना चाहते हैं
या आपके past से कुछ सीखना चाहते हैं |

शायद आप आपका past भूलना नहीं चाहते आप आपके उन विचारों को भूलना चाहते हैं जिनसे आप डरते हो |

अब आपको पता लग गया होगा कि पास्ट को भूलना लगभग नामुमकिन है |

Apne vicharo ko kaise badle ?

तो सवाल यह आता है कि क्या हम हमारे विचारों को बदल सकते हैं?

हां बिल्कुल हम हमारे विचारों को बदल सकते हैं |

हमारे विचार बार-बार एक ही तरह के इसलिए होते हैं क्योंकि हमारा दैनिक दिनचर्या वैसी ही है जैसी पहले थी |

हम विचारों को तो बदलना चाहते हैं लेकिन दिनचर्या को बदलना नहीं चाहते इसलिए वहीं विचार बार-बार आते हैं |

तो कृपया विचारों को नहीं अपनी दिनचर्या को बदलिए |

क्या आपने कभी देखा है आपने बबूल के पेड़ का बीज बोया और आप वहां से उम्मीद कर रहे हैं कि आम का फल आएगा तो क्या यह संभव है |

अपने विचारों को बदलने के लिए अपने आपको बदल दीजिए |

अपनी ज्ञानेंद्रियां ( आंख, कान, नाक ,त्वचा और मुंह) का इस्तेमाल अच्छी जगह पर करिए |

अच्छे लोगों को सुनिए ,अच्छी किताबों को पढ़िए ,
अच्छे कर्म करिए |

आप की वर्तमान समस्याओं का cause भूत भूतकाल के कर्म हैं, और वर्तमान समस्या उसका effect है |

BY DEEPAK YADAV

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comment mai bataiye ki aisa konsa vichar hai jo aap badalna chahte hai ?

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field of psychology in Hindi

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field of psychology in Hindi

What is the relation of psychology to other academic disciplines in Hindi?


अन्य शैक्षणिक विषयों से मनोविज्ञान का क्या संबंध है?

एक behavior science के रूप में मनोविज्ञान (psychology) का अन्य भौतिक और जैविक विज्ञान के साथ विशेष संबंध है।

सब मानवीय समस्याओं से निपटने और सुधार के लिए विज्ञान के पास व्यावहारिक अनुप्रयोग है,

व्यावहारिक अनुप्रयोग से मानवीय जीवन की गुणवत्ता, परिणामों से इंजीनियरिंग और प्रौद्योगिकी विकसित हुई है |

भौतिकी, रसायन विज्ञान और गणित ने जीवन को आसान और आरामदायक बना दिया है।

इसी तरह, चिकित्सा विज्ञान न केवल कई घातक बीमारियों को नियंत्रित करता है, बल्कि कई बीमारियों का इलाज भी करता है।

मनोवैज्ञानिकों ने लोगों को नेतृत्व करने में मदद करने के लिए कई तकनीकों का विकास किया है |

मनोवैज्ञानिकों विभिन्न भावनात्मक समस्याएं की रोकथाम में मदद करते हैं |

कभी-कभी, जलवायु परिवर्तन, प्रदूषण, परिणाम जैसी दुनिया की समस्याएं, प्राकृतिक आपदा, मानव निर्मित आपदाएँ आदि इतनी व्यापक और गंभीर हैं कि एक या दो विज्ञान ऐसी समस्याओं को हल नहीं कर सकते हैं।

विभिन्न से क्षेत्रों के वैज्ञानिकों का एक समूह
को एक साथ आना होगा और संयुक्त रूप से ऐसी समस्याओं को संभालना होगा।

इस विभिन्न विषयों के परिणामों की परस्पर क्रिया के कारण, नए क्षेत्र ज्ञान का उदय हुआ।

ऐसे विषयों के उदाहरण हैं; बायोफिज़िक्स,
जैव रसायन, भू भौतिकी आदि

इस प्रकार, विज्ञान का कोई विशेष क्षेत्र पूरी तरह से नहीं हो सकता है,विज्ञान के अन्य क्षेत्रों और वैज्ञानिक ज्ञान के विभिन्न क्षेत्रों से अलग काफी निकट से संबंधित हैं।

यह स्पष्ट है कि ‘मनोविज्ञान’, विज्ञान के एक स्वतंत्र क्षेत्र के रूप में उभरा है, फिर भी इसका अन्य विज्ञानों के साथ बहुत करीबी संबंध है।

वैज्ञानिक ज्ञान के विभिन्न क्षेत्र , इन क्षेत्रों के लिए निर्भर करते हैं, इसलिए बेशक, मनोविज्ञान के विकास ने, विकास को प्रभावित किया है |

What are the basic branches of psychology in Hindi?


मनोविज्ञान की मूल शाखाएँ क्या-क्या हैं?

Bio psychology जैविक मनोविज्ञान : व्यवहार के जैविक आधारों का अध्ययन करता है। मनोविज्ञान और जैविक विज्ञान के बीच संबंध काफी स्पष्ट है। सभी व्यवहार शारीरिक प्रक्रियाओं के माध्यम से होता है। मस्तिष्क के साथ-साथ, पूरा तंत्रिका तंत्र इसमें महत्वपूर्ण भूमिका है।

Cognitive Psychology संज्ञानात्मक मनोविज्ञान: मानव सूचना प्रसंस्करण क्षमताओं का अध्ययन करता है। इस क्षेत्र के मनोवैज्ञानिक अनुभूति के सभी पहलुओं का अध्ययन करते हैं जैसे कि स्मृति, सोच,समस्या हल करना, निर्णय लेना, भाषा, तर्क करना आदि।

Comparative Psychology तुलनात्मक मनोविज्ञान: विभिन्न प्रजातियों के व्यवहार की तुलना का अध्ययन करता है, विशेष रूप से जानवरों। इसीलिए कुछ लेखक इस क्षेत्र को पशु मनोविज्ञान कहते थे।

Cultural psychology सांस्कृतिक मनोविज्ञान: संस्कृति, उपसंस्कृति और जातीयता के तरीकों का अध्ययन करता है ,समूह सदस्यता व्यवहार को प्रभावित करती है।

Experimental Psychology प्रयोगात्मक मनोविज्ञान: प्रयोगात्मक मनोवैज्ञानिक प्रक्रियाओं के सभी पहलुओं की जांच करता है
धारणा, सीखने और प्रेरणा की तरह। प्रमुख अनुसंधान विधि द्वारा उपयोग किया जाता है |

Gender psychology लिंग मनोविज्ञान: पुरुषों और महिलाओं के बीच अंतर पर शोध करता है |

Learning psychology लर्निंग साइकोलॉजी: पढ़ाई कैसे और क्यों होती है, इसका अध्ययन किया जाता है। ये मनोविज्ञान सीखने के सिद्धांतों को विकसित करता है। और
विभिन्न प्रकार की मानवीय समस्याओं का समाधान करता है |

Personality psychology व्यक्तित्व मनोविज्ञान: इन मनोवैज्ञानिक व्यक्तित्व के मूल्यांकन के लिए व्यक्तित्व और परीक्षणों के सिद्धांत विकसित करते हैं और व्यक्तित्व से संबंधित समस्याओं के कारणों की भी पहचान करते हैं
|

Physiological psychology शारीरिक मनोविज्ञान: शारीरिक मनोवैज्ञानिक हमारे तंत्रिका तंत्र और शरीर के भीतर जैव रासायनिक परिवर्तन होते हैं, इसकी भूमिका की जांच करते हैं,
फिजियोलॉजिकल साइकोलॉजी न केवल मनोविज्ञान का एक हिस्सा है, बल्कि तंत्रिका विज्ञान नामक व्यापक क्षेत्र का हिस्सा माना जाता है, जो तंत्रिका का अध्ययन करता है

Sensation and Perception Psychology (सनसनी और धारणा मनोविज्ञान) भावना अंगों और धारणा की प्रक्रिया का अध्ययन करता है
इस क्षेत्र में काम करने वाले मनोवैज्ञानिक, तंत्र की जांच करते हैं, कैसे धारणा या गलत धारणा (भ्रम) के बारे में संवेदना और विकास
होता है।
वे यह भी अध्ययन करते हैं कि हम गहराई, गति और व्यक्ति को कैसे समझते हैं |

What are the applied field of psychology in Hindi?


मनोविज्ञान की applied field क्या-क्या हैं?

Social psychology सामाजिक मनोविज्ञान: सामाजिक मनोविज्ञान सामाजिक व्यवहार की जांच करता है, जैसे कि अनुरूपता, अनुनय, पूर्वाग्रह, मित्रता, आक्रामकता, मदद आदि
सामाजिक व्यवहार के सभी पहलुओं पर जोर देता है जैसे कि हम कैसे सोचते हैं और
दूसरों के साथ कैसे बातचीत करते हैं , हम कैसे प्रभावित करते हैं और दूसरों से प्रभावित होते हैं।

Clinical psychology नैदानिक ​​मनोविज्ञान: नैदानिक मनोविज्ञान मनोचिकित्सा करता है; नैदानिक ​​समस्याओं की जांच करता है;
उपचार के तरीके विकसित करता है।
यह क्षेत्र निदान, कारणों पर जोर देता है,
और गंभीर मनोवैज्ञानिक विकारों और भावनात्मक परेशानियों का इलाज करता है |

Community psychology सामुदायिक मनोविज्ञान: सामुदायिक मनोविज्ञान समुदाय-व्यापी मानसिक स्वास्थ्य को बढ़ावा देता है, अनुसंधान, रोकथाम, शिक्षा और परामर्श ,सामाजिक समस्याओं को हल करने में, मदद करने के लिए मनोवैज्ञानिक सिद्धांत, विचार और दृष्टिकोण आदि क्षेत्र में सामुदायिक मनोवैज्ञानिक लागू होते हैं |

Consumer psychology उपभोक्ता मनोविज्ञान: शोध पैकेजिंग, विज्ञापन, विपणन के तरीके,
और उपभोक्ताओं की विशेषताएं। यह क्षेत्र सामाजिक मनोविज्ञान का अपभ्रंश है।

Counselling psychology
परामर्श मनोविज्ञान:
परामर्श मनोविज्ञान मनोचिकित्सा और व्यक्तिगत परामर्श देता है;
विशिष्ट समस्या वाले व्यक्ति जैसे कि कैरियर की योजना कैसे बनाएं, कैसे विकसित करें इन समस्याओं में परामर्श मनोवैज्ञानिक सहायता करते हैं ,परामर्श मनोविज्ञान के भीतर कई विशिष्ट क्षेत्र हैं जिसके विशेषज्ञ मैरिज काउंसलर, फैमिली काउंसलर, स्कूल काउंसलर आदि के रूप में काम करते हैं |

Educational psychology
शैक्षिक मनोविज्ञान
: शैक्षिक मनोविज्ञान कक्षा की गतिशीलता, शिक्षण शैलियों
शैक्षिक परीक्षण विकसित करता है, और शैक्षिक कार्यक्रमों का मूल्यांकन करता है।
शिक्षण अक्षमताओं के लिए यह शाखा व्यापक समस्या से संबंधित है |स्कूल मनोविज्ञान नामक विशेष उप-क्षेत्र को शैक्षिक में शामिल किया जा सकता है|

Engineering psychology इंजीनियरिंग मनोविज्ञान: इंजीनियरिंग मनोविज्ञान मशीनरी के डिजाइन पर लागू है, जैसे कि कंप्यूटर, हवाई जहाज, ऑटोमोबाइल आदि इस क्षेत्र में काम करने वाले मनोवैज्ञानिक निर्देश पुस्तिका लिखते हैं, जिसके द्वारा काम करने का तरीका समझाया जा सके |

Forensic psychology फोरेंसिक मनोविज्ञान: अपराध और अपराध की समस्याओं की जांच करता है, फोरेंसिक मनोवैज्ञानिक ज्यादातर न्यायिक प्रणाली में काम करते हैं |

Organizations psychology औद्योगिक मनोविज्ञान: Organizations में व्यवहार के सभी पहलुओं की जांच करता है, कर्मचारियों की चयन और भर्ती, प्रदर्शन से लेकर कार्य मूल्यांकन, नेतृत्व के लिए कार्य प्रेरणा।

Medical psychology चिकित्सा मनोविज्ञान: चिकित्सा समस्याओं के प्रबंधन करने के लिए Medical psychology को लागू करता है, जैसे कि बीमारी के भावनात्मक प्रभाव, इन मनोवैज्ञानिकों की नौकरी स्वास्थ्य मनोविज्ञान के हिस्से के साथ ओवरलैप होती है |

School psychology स्कूल मनोविज्ञान: ये psychology छात्रों की भावनात्मक और व्यावसायिक मनोवैज्ञानिक परीक्षण करते हैं,
स्कूल मनोवैज्ञानिकों की नौकरी सीखने की कठिनाइयों का निदान करना और उन्हें मापने की कोशिश करना शामिल है।

Which branches fall under both basic and applied psychology in Hindi?

psychology की कौन सी शाखाएँ बुनियादी और व्यावहारिक मनोविज्ञान दोनों के अंतर्गत आती हैं?

कुछ क्षेत्र जिन्हें बुनियादी और व्यावहारिक दोनों क्षेत्रों के अंतर्गत वर्गीकृत किया गया है :-

Development psychology विकासात्मक मनोविज्ञान:विकासात्मक मनोविज्ञान शिशु, बच्चे, किशोर और वयस्क विकास; परेशान बच्चों के साथ सलाहकार के रूप में नैदानिक कार्य करता है |
विकासात्मक मनोविज्ञान माता-पिता और स्कूलों के लिए जोर देता है कि कैसे लोग शारीरिक, संज्ञानात्मक और सामाजिक रूप से पूरे जीवन काल में रूप से बदलते हैं । विकासात्मक मनोवैज्ञानिकों की कोशिश है उनकी शुरुआत का अध्ययन करके जटिल व्यवहार को समझें किस तरह वह
समय के साथ वे बदलते हैं। विकास संबंधी परिवर्तन किशोरावस्था, वयस्कता, और बुढ़ापा में भी होते हैं |
इसलिए इन परिवर्तनों का अध्ययन भी विकास का एक हिस्सा है |

Environmental Psychology पर्यावरण मनोविज्ञान: वातावरण के प्रभावों का अध्ययन करता है, ये मनोवैज्ञानिक पर्यावरण के मुद्दों पर सलाहकार के रूप में कार्य करते हैं |

Health psychology स्वास्थ्य मनोविज्ञान: व्यवहार और स्वास्थ्य के बीच संबंधों का अध्ययन करता है; स्वास्थ्य को बढ़ावा देने और बीमारी को रोकने के लिए मनोवैज्ञानिक सिद्धांत का उपयोग करता है।

Positive psychology सकारात्मक मनोविज्ञान: यह 21 वीं सदी का उभरता हुआ क्षेत्र है। यह क्षेत्र
खुशी और मानव शक्ति के विज्ञान के रूप में परिभाषित है। इसमें काम करने वाले मनोवैज्ञानिक
क्षेत्र मानव प्रकृति के सकारात्मक पहलुओं से संबंधित है जैसे कि आशा,आशावाद, जुनून, प्यार, कृतज्ञता, क्षमा, विनम्रता आदि।

basic Q&A on psychology

What are the differences between psychologist and psychiatrist In Hindi?

मनोचिकित्सक मेडिकल की पढ़ाई पूरी करने के बाद वे डॉक्टर का काम करते हैं , मनोचिकित्सा में मनोचिकित्सक MD और मानसिक जबकि, नैदानिक ​​मनोवैज्ञानिक एक मास्टर की डिग्री M.A / M.Sc और रखते हैं |
केवल मनोचिकित्सक उपचार के लिए लिए दवाओं का इस्तेमाल कर सकते हैं | मनोवैज्ञानिक उपचार के लिए मानकीकृत परीक्षणों पर बहुत भरोसा करते हैं
इसके अलावा, मनोवैज्ञानिक देखभाल के लिए एक मरीज को अस्पताल में नहीं भेज सकते हैं |

What do psychologist do in Hindi?

मनोवैज्ञानिक अत्यधिक प्रशिक्षित होते हैं मनोवैज्ञानिक व्यापार, उद्योग, सरकार या सेना के सलाहकार के रूप में सेवा दे सकते हैं,विभिन्न प्रकार की मानवीय समस्या को हल कर सकते हैं|

What are the similarities between psychologist and psychiatrist In Hindi?

नैदानिक ​​मनोवैज्ञानिक और मनोचिकित्सक दोनों मनोचिकित्सा प्रदान करते हैं । और दोनों आमतौर पर कई अस्पतालों क्लीनिकों में एक साथ काम करते हैं ।

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Introduction to psychology in Hindi

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Introduction to psychology in Hindi

साइकोलॉजी की सर्वप्रथम प्रयोगशाला कब बनी थी?

साइकोलॉजि शब्द 19वीं सदी के पहले इतना आम नहीं था | साइकोलॉजी की प्रथम प्रयोगशाला सन 1879 में बनी थी | जिसको जर्मनी के एक प्रोफेसर willhelm wundt ने बनाया था |

साइकोलॉजी की क्या परिभाषा है?

प्राचीन काल में साइकोलॉजी (psychology) को फिलोसोफी (philosophy) का हिस्सा समझा जाता था |

पहले प्राचीन काल में इसकी परिभाषा थी -द स्टडी ऑफ सोल ( the study of the soul ) जोकि रिजेक्ट कर दी गई क्योंकि उस समय soul के भौतिक अस्तित्व पर कई सवाल उठे थे |

इसके बाद कुछ ग्रीक फिलॉस्फर ने इसे –द साइंस ऑफ माइंड (the science of mind) कहां क्योंकि उनके अनुसार साइकोलॉजी एक मेंटल फिलॉसफी की शाखा थी साइकोलॉजिस्ट द्वारा इसे भी नकार दिया गया |

इसके बाद इसे बग्गा एंड सिंह द्वारा –द साइंस ऑफ कॉन्शसनेस (the science of consciousness) कहां गया लेकिन इसे भी नकार दिया गया |

इसके बाद साइकोलॉजी को – ए साइंस ऑफ बिहेवियर (a science of behaviour) के रूप में माना गया |

साइकोलॉजी की आधुनिक परिभाषा क्या है?

किसी व्यक्ति तथा उसके वातावरण की गतिविधि का अध्ययन साइकोलॉजी कहलाता है |

Psychology as a science क्या है?

Psychology: – किसी व्यक्ति तथा उसके वातावरण की गतिविधि का अध्ययन साइकोलॉजी कहलाता है |

सायकोलॉजी का संबंध experiment और observation से है, ना कि argument, opinions और belief पर है |

अवलोकन और प्रयोग के आंकड़े विज्ञान के लिए आवश्यक हैं |

प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से साइकोलॉजी observation योग्य है |

psychology वैज्ञानिक साक्ष्य द्वारा समर्थित हैं।

साइकोलॉजि की उत्पत्ति कब हुई?

साइकोलॉजी शब्द की उत्पत्ति सन 1870 के आसपास हुई है |

साइकोलॉजि की उत्पत्ति कैसे हुई?

साइकोलॉजी शब्द की उत्पत्ति ग्रीक भाषा के 2 शब्द psyche और logos से मिलकर हुई है | जहां psyche का मतलब है – आत्मा और logos का मतलब है- ज्ञान जिसे हम हिंदी में मनोविज्ञान या आत्मज्ञान के नाम से जानते हैं |

फादर ऑफ मॉडर्न साइकोलॉजी किसे कहा जाता है ?

willhelm wundt को फादर ऑफ मॉडर्न साइकोलॉजी भी कहा जाता है | क्योंकि
इसी समय में wundt ने mind, thoughts, emotions और feelings का अध्ययन शुरू किया |

Let us know aap ke anusar psychology kya hai ?

thanku for reading

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